spot_img
spot_img
Homeदक्षिण छोटानागपुररांचीRanchi Firing: कांके में कारोबारी के घर पर ताबड़तोड़ फायरिंग, राहुल दुबे...

Related Posts

Ranchi Firing: कांके में कारोबारी के घर पर ताबड़तोड़ फायरिंग, राहुल दुबे गैंग का पर्चा मिलने की सूचना

प्रेम नगर में संजय करमाली के आवास को बनाया निशाना, करीब आधा दर्जन राउंड चली गोलियां; पुलिस ने शुरू की जांच

Ranchi Firing: झारखंड की राजधानी रांची में अपराधियों ने एक बार फिर गोलीबारी की घटना को अंजाम दिया है। कांके थाना क्षेत्र के प्रेम नगर में कारोबारी संजय करमाली के घर पर ताबड़तोड़ फायरिंग की गई। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, हमलावरों ने करीब आधा दर्जन राउंड गोलियां चलाईं। वारदात के बाद इलाके में दहशत का माहौल बन गया। घटनास्थल से राहुल दुबे गैंग के नाम का एक पर्चा मिलने की भी सूचना है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल हमलावरों की पहचान और गोलीबारी के पीछे की वजह का पता लगाया जा रहा है।

Ranchi Firing: प्रेम नगर में कारोबारी के घर को बनाया निशाना

जानकारी के अनुसार, घटना कांके के प्रेम नगर की है। यहां कारोबारी संजय करमाली का आवास है। बताया जा रहा है कि हमलावरों ने अचानक उनके घर को निशाना बनाया। इसके बाद एक के बाद एक कई गोलियां चलाईं। गोलीबारी की आवाज से आसपास के लोग सहम गए। कुछ देर के लिए इलाके में अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।

प्रारंभिक सूचना में करीब छह राउंड फायरिंग किए जाने की बात सामने आई है। हालांकि, घटनास्थल से कितने खोखे बरामद हुए हैं, इसकी आधिकारिक जानकारी फिलहाल उपलब्ध नहीं है। इसी तरह, फायरिंग के समय कारोबारी और उनके परिवार के सदस्य घर में मौजूद थे या नहीं, यह भी स्पष्ट नहीं हो सका है।

Ranchi Firing: मौके से राहुल दुबे गैंग के नाम का पर्चा मिलने की चर्चा

इस घटना में सबसे महत्वपूर्ण बात घटनास्थल से कथित तौर पर मिला एक पर्चा है। बताया जा रहा है कि पर्चे पर राहुल दुबे गैंग का नाम लिखा हुआ है। इसके बाद वारदात को लेकर कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। हालांकि, केवल पर्चा मिलने से किसी गिरोह की संलिप्तता साबित नहीं होती। इसकी सत्यता और घटना से इसके संबंध की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।

पुलिस इस बात का पता लगाने में जुटी है कि पर्चा वास्तव में किसने छोड़ा। क्या इसका इस्तेमाल किसी गिरोह की ओर से जिम्मेदारी लेने के लिए किया गया या किसी ने जानबूझकर जांच को भटकाने की कोशिश की? इन सभी पहलुओं की पड़ताल जरूरी है। फिलहाल किसी गिरोह या व्यक्ति की भूमिका को लेकर अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है।

पुलिस ने शुरू की छानबीन, हमलावरों की तलाश जारी

घटना की सूचना मिलने के बाद कांके थाना की पुलिस सक्रिय हुई। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का जायजा लिया। फायरिंग से जुड़े साक्ष्य जुटाने की प्रक्रिया शुरू की गई। जांच में खाली कारतूस, गोली के निशान और आसपास की परिस्थितियां अहम साबित हो सकती हैं।

पुलिस आसपास के मकानों और प्रतिष्ठानों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल सकती है। इससे हमलावरों की आवाजाही और उनके भागने के रास्ते की जानकारी मिल सकती है। प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ भी जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा होगी। हालांकि, सीसीटीवी फुटेज मिलने, खोखे बरामद होने या किसी संदिग्ध की गिरफ्तारी को लेकर अभी कोई पुष्ट आधिकारिक विवरण उपलब्ध नहीं है।

कांके में पहले भी सामने आ चुकी हैं गोलीबारी की घटनाएं

रांची के कांके थाना क्षेत्र में हाल के दिनों में गोलीबारी की घटनाएं सामने आती रही हैं। इससे इलाके की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ी है। 11 अक्टूबर 2026 को कांके रिंग रोड स्थित एक पेट्रोल पंप के पास चार राउंड फायरिंग की घटना हुई थी। इस मामले में पुलिस ने जांच शुरू की थी।

इसके बाद 27 अक्टूबर को रांची पुलिस ने नया सराय इलाके में मुठभेड़ के बाद दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया था। इनमें एक आरोपी शाहिद गोली लगने से घायल हुआ था। पुलिस ने उस मामले को कांके पेट्रोल पंप पर हुई फायरिंग से भी जोड़ा था। रांची के एसएसपी राकेश रंजन ने आरोपियों की तलाश और पुलिस कार्रवाई की जानकारी दी थी। हालांकि, इन घटनाओं और संजय करमाली के आवास पर हुई ताजा गोलीबारी के बीच किसी संबंध की पुष्टि नहीं हुई है।

कारोबारियों की सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता

कारोबारी के आवास पर गोलीबारी की इस घटना ने एक बार फिर राजधानी में कारोबारियों की सुरक्षा का सवाल खड़ा कर दिया है। घर को निशाना बनाकर फायरिंग करना गंभीर मामला है। इससे केवल संबंधित परिवार ही नहीं, बल्कि आसपास रहने वाले लोगों की सुरक्षा भी प्रभावित होती है।

यदि घटनास्थल से मिला पर्चा किसी आपराधिक गिरोह से जुड़ा पाया जाता है, तो पुलिस के लिए उसके पीछे के नेटवर्क और मकसद का पता लगाना भी जरूरी होगा। यह भी जांच का विषय होगा कि घटना के पीछे रंगदारी, पुरानी रंजिश या कोई अन्य वजह है।

जांच के बाद सामने आएगी फायरिंग की असली वजह

फिलहाल संजय करमाली के आवास पर हुई गोलीबारी को लेकर पुलिस की जांच महत्वपूर्ण है। हमलावर कितने थे? वे किस वाहन से पहुंचे थे? कितनी गोलियां चलाई गईं? घटनास्थल पर मिला पर्चा किसने छोड़ा? इन सवालों के जवाब मिलने के बाद ही पूरे मामले की तस्वीर साफ होगी।

पुलिस की जांच में सीसीटीवी फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्य अहम भूमिका निभा सकते हैं। फिलहाल किसी की गिरफ्तारी, फायरिंग में इस्तेमाल हथियार या वारदात के मकसद को लेकर आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही इस घटना के पीछे की वास्तविक वजह सामने आ सकेगी।

Latest Posts