24 से 26 अक्टूबर तक जुटेंगे देशभर के शिक्षाविद्, ग्रामीण शिक्षा की चुनौतियों पर होगा मंथन
Chakradharpur National Seminar: कोल्हान में ऐतिहासिक शैक्षणिक पहल हुई। पहली बार ग्रामीण इलाके में राष्ट्रीय सेमिनार होगा। पश्चिमी सिंहभूम के चक्रधरपुर में आयोजन होगा। रोलाडीह स्थित तुलसी पब्लिक स्कूल में शिक्षाविद् जुटेंगे। यह तीन दिवसीय सम्मेलन 24 से 26 अक्टूबर तक चलेगा। तुलसीराम मेमोरियल एजुकेशनल ट्रस्ट इसका आयोजक है। देश भर से कई विश्वविद्यालयों के प्रोफेसर आएंगे। शोधकर्ता और विशेषज्ञ ग्रामीण चुनौतियों पर चर्चा करेंगे।
Chakradharpur National Seminar: झारखंड के ग्रामीण इलाकों की शिक्षा पर केंद्रित
इस राष्ट्रीय सेमिनार का मुख्य विषय तय हुआ। विषय ग्रामीण शिक्षा की चुनौतियां और समाधान है। झारखंड के परिप्रेक्ष्य में इस पर विमर्श होगा। गांवों में शिक्षा की गुणवत्ता पर बात होगी। स्कूलों में संसाधनों की कमी का आकलन होगा। विद्यार्थियों की व्यावहारिक समस्याओं के हल खोजे जाएंगे। शिक्षकों की सक्रिय भूमिका पर मंथन होगा। उच्च शिक्षा तक पहुंच आसान बनाने पर जोर रहेगा। ग्रामीण बच्चों को बेहतर अवसर दिलाने की रूपरेखा बनेगी।
Chakradharpur National Seminar: गुरुवार को प्रेस वार्ता में दी गई जानकारी
आयोजन को लेकर गुरुवार 22 अक्टूबर को प्रेस वार्ता हुई। तुलसी पब्लिक स्कूल परिसर में पत्रकार जुटे। आयोजन समिति ने तैयारियों का पूरा ब्योरा दिया। ऑर्गेनाइजिंग सेक्रेटरी डॉ. एस.पी. मंडल ने मार्गदर्शन दिया। उनके नेतृत्व में विभिन्न कमेटियां बनाई गई हैं। अतिथियों के ठहरने और भोजन की व्यवस्था हुई। सेमिनार के तकनीकी सत्रों की रूपरेखा तय की गई। देश के कोने-कोने से प्रतिभागियों के शोध पत्र मिले हैं।
कोल्हान के गांवों में जगेगी नई शैक्षणिक अलख
ट्रस्टी एवं कन्वीनर सुकेश कुमार महतो ने विचार रखे। ग्रामीण क्षेत्र में यह आयोजन मील का पत्थर है। ग्रामीण प्रतिभाओं की आवाज राष्ट्रीय पटल पर पहुंचेगी। व्यावहारिक नीतियों से शिक्षा व्यवस्था में सुधार आएगा। ट्रस्टी शंकर लाल महतो ने भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, सेमिनार से समाज में जागरूकता बढ़ेगी। ग्रामीण विद्यार्थियों में उच्च शिक्षा का रुझान बढ़ेगा। शिक्षकों को नए शिक्षण तौर-तरीके सीखने को मिलेंगे।
तुलसी पब्लिक स्कूल की टीम जुटी तैयारियों में
तुलसी पब्लिक स्कूल की प्रिंसिपल कीर्ति लता व्यवस्था देख रहीं। साथ ही लीना महतो भी सक्रिय भूमिका निभा रहीं। स्कूल के शिक्षक और शिक्षकेतर कर्मचारी मुस्तैद हैं। परिसर को सुंदर और व्यवस्थित बनाया जा रहा। बाहर से आने वाले विद्वानों का भव्य स्वागत होगा। स्थानीय जनप्रतिनिधि भी आयोजन में सहयोग कर रहे हैं। ग्रामीणों में इस राष्ट्रीय कार्यक्रम को लेकर भारी उत्साह है। चक्रधरपुर का रोलाडीह गांव अब चर्चा में आ गया।
शिक्षाविदों और समाजसेवियों से शामिल होने की अपील
आयोजकों ने सभी प्रबुद्ध नागरिकों से अपील की। शिक्षक, शोधार्थी और विद्यार्थी सेमिनार में जरूर पहुंचें। सामाजिक कार्यकर्ताओं को भी इस मंच से जोड़ा जाएगा। शिक्षा के क्षेत्र में रुचि रखने वालों का स्वागत है। तीन दिनों तक ज्ञान का महाकुंभ सजेगा। विभिन्न सत्रों में खुले विचार-विमर्श से समाधान निकलेंगे। यह पहल कोल्हान के भविष्य को नई दिशा देगी। चक्रधरपुर शिक्षा के राष्ट्रीय नक्शे पर नई पहचान बनाएगा।
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