आयुष्मान योग और शुक्रवारी त्रिवेणी का महासंयोग, प्रदोष काल में खरीदारी होगी फलदायी
Dhanteras Muhurat 2026: भगवान धन्वंतरि के अवतरण दिवस और समृद्धि के महापर्व धनतेरस को लेकर बाजारों में रौनक बढ़ गई है। इस वर्ष धनतेरस का पावन पर्व 6 नवंबर, शुक्रवार को पूरी श्रद्धा और धूमधाम से मनाया जाएगा। ज्योतिषीय गणना के अनुसार इस बार धनतेरस पर कई दशकों बाद ग्रहों और नक्षत्रों का अद्भुत संयोग बन रहा है। इस दिन आयुष्मान योग, प्रदोष काल और शुक्रवार का दुर्लभ त्रिवेणी महासंयोग बन रहा है। शुक्रवार का दिन माता लक्ष्मी को समर्पित होने के कारण इस पर्व की शुभता और फलदायी प्रभाव में कई गुना वृद्धि हो रही है। इस महासंयोग में की गई खरीदारी परिवार में सुख, आरोग्य और ऐश्वर्य का विस्तार करने वाली मानी जाती है।
Dhanteras Muhurat 2026 : तिथियों और नक्षत्रों की युति का विशेष धार्मिक महत्व
चतरा के प्रतिष्ठित ज्योतिषाचार्य पंडित एके त्रिपाठी ने बताया कि वैदिक ज्योतिष में तिथियों और नक्षत्रों की युति का विशेष धार्मिक महत्व होता है। इस वर्ष धनतेरस पर धन, वैभव और भौतिक ऐश्वर्य के अधिपति ग्रह ‘शुक्र’ कन्या राशि में गोचर करेंगे। शुक्र का यह प्रभाव भौतिक सुख-साधनों की वृद्धि, व्यापारिक उन्नति और दांपत्य जीवन में खुशहाली लाने वाला माना गया है। पंडित त्रिपाठी ने बताया कि धनतेरस पर खरीदारी और लक्ष्मी पूजन के लिए प्रदोष काल सबसे उत्तम रहेगा। इस शुभ मुहूर्त में खरीदारी करने से घर में साल भर बरकत बनी रहती है।
Dhanteras Muhurat 2026 : इन पांच राशियों की चमकेगी किस्मत
पंडित एके त्रिपाठी के अनुसार ग्रह-नक्षत्रों का यह दुर्लभ गोचर मुख्य रूप से पांच राशि के जातकों के लिए अत्यंत फलदायी साबित होगा। इन जातकों के जीवन में करियर, कारोबार और आर्थिक स्थिति में बड़ा उछाल देखने को मिलेगा।
मिथुन राशि के जातकों के लिए शिक्षा, प्रेम संबंध और संतान सुख के लिहाज से समय बेहद शानदार रहेगा। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं को बड़ी सफलता के अवसर मिलेंगे। नए व्यापारिक सौदों और कार्यों की शुरुआत के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल रहेंगी। सिंह राशि के जातकों के पारिवारिक जीवन में शांति, सौहार्द और खुशहाली का संचार होगा। घर में भौतिक सुख-सुविधाओं का विस्तार होगा। नया वाहन, जमीन या मकान खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए यह धनतेरस मनचाहा लाभ लेकर आएगा। तुला राशि के जातकों के व्यक्तित्व में निखार आएगा और आर्थिक स्थिति पहले से अधिक मजबूत होगी। कार्यक्षेत्र में आपकी प्रतिष्ठा और मान-सम्मान में वृद्धि होगी। सामाजिक स्तर पर आपको महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। मकर राशि के जातकों के लिए आजीविका और व्यापार के नए द्वार खुलेंगे। नौकरीपेशा लोगों को पदोन्नति और वेतन वृद्धि के योग बन रहे हैं। वहीं व्यापारियों की योजनाएं रफ्तार पकड़ेंगी, जिससे बड़ा आर्थिक लाभ होगा। मीन राशि के जातकों को अचानक अप्रत्याशित धन लाभ होने के मजबूत योग बन रहे हैं। पैतृक संपत्ति से जुड़ा कोई पुराना विवाद सुलझ सकता है। लंबे समय से अटके हुए कार्य पूरे होंगे और आर्थिक तंगी से राहत मिलेगी।
धनतेरस पर इन वस्तुओं की खरीदारी से करें सख्त परहेज
पंडित एके त्रिपाठी ने खरीदारी के शास्त्रीय नियमों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि धनतेरस पर कुछ वस्तुओं को खरीदने से बचना चाहिए। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन लोहा, लोहे से बने औजार, कांटेदार या धारदार वस्तुएं और साधारण नमक खरीदने से परहेज करना चाहिए। इसके अलावा प्लास्टिक, कांच और एल्युमिनियम के बर्तनों की खरीदारी भी शुभ नहीं मानी जाती है। नकारात्मक ऊर्जा को दूर रखने के लिए इन वस्तुओं के बजाय पारंपरिक शुभ सामग्री का चयन करना चाहिए।
सोना-चांदी, बर्तन और झाड़ू खरीदना रहेगा बेहद शुभकारी
पंडित एके त्रिपाठी ने बताया कि धनतेरस पर प्रदोष काल में सोना, चांदी, पीतल के बर्तन और तांबे के पात्र खरीदना सर्वश्रेष्ठ माना गया है। इसके साथ ही इस दिन श्रीयंत्र, कौड़ी, गोमती चक्र, नई झाड़ू और मिट्टी के दीयों की खरीदारी घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती है। उन्होंने कहा कि धनतेरस केवल बाजार की खरीदारी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह तन-मन के स्वास्थ्य और पवित्रता का प्रतीक है। शुभ मुहूर्त में विधि-विधान से भगवान धन्वंतरि, कुबेर देव और महालक्ष्मी की आराधना करने से परिवार में आरोग्यता और समृद्धि का वास होता है।
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