डाकासाडम मोड़ के पास मिला महिला का शव, लाल रंग की टाटा मैजिक से शव ले जाने का आरोप; पुलिस ने वाहन किया बरामद
Bokaro News: बोकारो जिले में एक महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। जरीडीह थाना क्षेत्र के डाकासाडम मोड़ के पास रविवार सुबह महिला का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतका की पहचान नीलू देवी (40) के रूप में हुई है। वह लालपनिया ओपी क्षेत्र के चौड़गांव की रहने वाली थीं। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए उनके पति महेंद्र कुमार मंडल को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, पति-पत्नी के बीच 30 अक्टूबर को किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। आरोप है कि इसी विवाद के बाद महेंद्र कुमार मंडल ने सो रही पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद शव को लाल रंग की टाटा मैजिक में लादकर डाकासाडम मोड़ के पास छोड़ दिया। पुलिस ने आरोपित की निशानदेही पर शव ले जाने में इस्तेमाल किया गया वाहन भी बरामद कर लिया है। मामले की आगे की जांच जारी है।
Bokaro News: 30 अक्टूबर को पति-पत्नी के बीच हुआ था विवाद
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 30 अक्टूबर को महेंद्र कुमार मंडल और उसकी पत्नी नीलू देवी के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। इसी दौरान दोनों के बीच तनाव बढ़ गया। आरोप है कि विवाद के बाद महेंद्र ने सो रही पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। घटना के बाद उसने शव को घर में रखने के बजाय दूसरी जगह ले जाने की योजना बनाई।
पुलिस के अनुसार, महेंद्र ने शव को लाल रंग की टाटा मैजिक में रखा। इसके बाद वह वाहन से डाकासाडम मोड़ पहुंचा। वहां सड़क किनारे शव छोड़कर वापस घर लौट गया। रविवार सुबह स्थानीय लोगों की नजर शव पर पड़ी। इसकी सूचना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया।
Bokaro News: सड़क किनारे शव मिलने से इलाके में फैली सनसनी
डाकासाडम मोड़ के पास महिला का शव मिलने की खबर फैलते ही आसपास के ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। पुलिस ने शव की पहचान कराने की प्रक्रिया शुरू की। बाद में मृतका की पहचान नीलू देवी के रूप में हुई। पहचान होने के बाद उनके परिजनों को घटना की सूचना दी गई।
महिला की मौत की खबर मिलने के बाद परिवार में शोक का माहौल बन गया। वहीं, घटना को लेकर स्थानीय लोगों में भी चर्चा शुरू हो गई। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच आगे बढ़ाई। शुरुआती जांच में मामला हत्या का प्रतीत होने के बाद पुलिस ने मृतका के पति से पूछताछ शुरू की।
स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, शव को पोस्टमार्टम के लिए तेनुघाट अनुमंडलीय अस्पताल भेजा गया। पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट के जरिए मौत के कारणों की पुष्टि करने में जुटी है।
पिता रामेश्वर मंडल ने तीन लोगों के खिलाफ दिया आवेदन
इस मामले में मृतका के पिता रामेश्वर मंडल ने पुलिस को लिखित आवेदन दिया था। उन्होंने अपनी बेटी की हत्या का आरोप महेंद्र कुमार मंडल, नरेश साव और मालती देवी पर लगाया है। आवेदन में तीनों के खिलाफ जांच कर उचित कार्रवाई करने की मांग की गई है।
पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच शुरू की। पति महेंद्र कुमार मंडल से पूछताछ की गई। इसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं, नरेश साव और मालती देवी के खिलाफ लगाए गए आरोपों की भी जांच की जा रही है। फिलहाल उनकी भूमिका को लेकर किसी निष्कर्ष की जानकारी सामने नहीं आई है।
पुलिस जांच में शिकायतकर्ता के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मामले से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
आरोपित की निशानदेही पर टाटा मैजिक बरामद
पुलिस ने इस मामले में एक अहम कार्रवाई करते हुए शव को ले जाने में इस्तेमाल की गई लाल रंग की टाटा मैजिक बरामद कर ली है। वाहन का पंजीकरण नंबर जेएच-01-सीटी-5368 बताया गया है। पुलिस ने इसे आरोपित पति महेंद्र कुमार मंडल की निशानदेही पर बरामद किया।
जांच के दौरान पुलिस वाहन के इस्तेमाल और घटनास्थल तक पहुंचने से जुड़े तथ्यों की पड़ताल कर रही है। बरामद वाहन को मामले में महत्वपूर्ण साक्ष्य माना जा रहा है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि घटना के समय वाहन का इस्तेमाल किन परिस्थितियों में किया गया था।
फिलहाल महेंद्र कुमार मंडल पुलिस की गिरफ्त में है। पुलिस उससे पूछताछ के आधार पर घटना की पूरी कड़ी जोड़ने का प्रयास कर रही है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच पर टिकी नजर
नीलू देवी की मौत के मामले में अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस की विस्तृत जांच महत्वपूर्ण होगी। रिपोर्ट से मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि करने में मदद मिलेगी। इसके अलावा शिकायत में नामजद अन्य लोगों की भूमिका भी जांच का विषय है।
पुलिस सभी उपलब्ध साक्ष्यों और परिजनों की ओर से दिए गए आवेदन के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है। मामले में आरोपित पति की गिरफ्तारी और वाहन की बरामदगी के बाद जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है। पुलिस का प्रयास है कि घटना से जुड़े सभी तथ्यों का खुलासा हो और जांच में सामने आने वाले प्रत्येक पहलू पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।


