Kukdu Road Accident: तिरुलडीह थाना क्षेत्र की घटना, फरार चालक की गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग पर अड़े ग्रामीण
Kukdu Road Accident: सरायकेला-खरसावां जिले के कुकड़ू प्रखंड के चौकेगड़िया चौक के पास शनिवार शाम एक भीषण सड़क हादसे में छोटा लापांग गांव के वार्ड सदस्य मनोरंजन महतो उर्फ मंटू (40 वर्ष) की दर्दनाक मौत हो गई। हादसे के बाद दुर्घटना को अंजाम देने वाला वाहन चालक मौके से फरार हो गया। इस दुखद घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने आंदोलनकारी सुनील कुमार महतो के नेतृत्व में मृतक का शव सड़क पर रखकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया और सड़क को पूरी तरह जाम कर दिया। ग्रामीणों की मांग है कि फरार चालक की जल्द से जल्द पहचान कर उसे गिरफ्तार किया जाए, हादसे की निष्पक्ष जांच हो और दोषी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।
Kukdu Road Accident: शाम के वक्त हुआ हादसा, आक्रोशित लोगों ने की सड़क जाम
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मनोरंजन महतो शनिवार शाम करीब छह बजे कुकड़ू-चौकेगड़िया चौक के पास मौजूद थे। इसी दौरान वह एक अज्ञात भारी वाहन की चपेट में आ गए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की खबर मिलते ही आसपास के इलाकों में शोक की लहर दौड़ गई।
सड़क जाम और प्रदर्शन की सूचना मिलते ही तिरुलडीह थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और आक्रोशित लोगों को समझा-बुझाकर स्थिति को सामान्य करने का प्रयास किया। प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि इस क्षेत्र में शाम ढलते ही बालू और अन्य सामग्री लादे भारी वाहन काफी तेज रफ्तार से गुजरते हैं। इनमें से कई वाहन ओवरलोड होते हैं और यातायात नियमों की धज्जियां उड़ाते हैं, जिससे आए दिन सड़क हादसों का गंभीर खतरा बना रहता है। हालांकि, मनोरंजन महतो को टक्कर मारने वाला वाहन बालू लदा था या नहीं, इसकी अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है।
Kukdu Road Accident: भारी वाहनों की रफ्तार और अवैध परिवहन पर उठे सवाल
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और पुलिस से मांग की है कि क्षेत्र में भारी वाहनों की आवाजाही पर कड़ी निगरानी रखी जाए, वाहनों की रफ्तार को नियंत्रित किया जाए और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं। लोगों का कहना है कि भारी वाहनों की मनमानी पर रोक लगनी बेहद जरूरी है ताकि भविष्य में ऐसी अनहोनी को रोका जा सके।
गौरतलब है कि इस दुर्घटना से महज दो दिन पहले ही नीमडीह-कुकड़ू अंचल के अंचल अधिकारी अभय रंजन द्विवेदी ने अवैध बालू खनन के खिलाफ प्रशासन के सख्त रुख की जानकारी दी थी। उन्होंने स्पष्ट किया था कि जिला प्रशासन के निर्देश पर लगातार अभियान चलाया जा रहा है और अवैध खनन या परिवहन करने वालों के खिलाफ केवल जुर्माना नहीं, बल्कि प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे में इस सड़क हादसे के बाद ग्रामीण क्षेत्र में भारी वाहनों के परिचालन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासनिक सख्ती की मांग और तेज हो गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।


